एक ओर जहाँ आतंकवाद के सफाये के मसले पर पाकिस्तान के शासकों का टाल-मटोल भरा रवैया दोनों देशों में तनाव की वजह बन रहा हैं, वहीं दुसरी ओर पूर्व पाकिस्तानी प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो के नाम पर चलने वाली एक वेबसाइट अब भारत व पाकिस्तान के बीच में बन रहे तनाव को कम करने का प्रयास करेगी। बेनजीर भुट्टो डॉट कॉम (www.benazirbhutto.com) नामक इस वेबसाइट का हाल ही में जमशेदपुर स्थित भोजपुरिया डॉट कॉम द्वारा अधिग्रहण किया गया है, और इसे नये सिरे से दोबारा बनाया जा रहा है, ताकि लोग इसके द्वारा भारत-पाकिस्तान के बीच के संबंधों पर अपनी बेबाक राय दुनिया के सामने रख सकें।
“मुंबई हमलों के बाद के इस तनाव भरे माहौल में हम पाकिस्तान की जनता से सीधे जुडने का एक माध्यम तलाश रहे थे, और उसी के परिणाम स्वरुप यह वेबसाइट आपके सामने है। इस वेबसाइट पर अभी काम चल रहा है, और बहुत जल्द ही इसे दोनों देशों की जनता के बीच की एक कडी के रुप में पेश किया जायेगा।,” भोजपुरिया डॉट कॉम के निदेशक सुधीर कुमार ने कहा।
“पाकिस्तान के हुक्मरानों को हमेशा यह याद रखना चाहिए कि उन्होंने भी एक आतंकवादी हमले में अपनी नेता बेनजीर भुट्टो को खोया था, और इसलिये मुंबई हमलों के बाद उन सभी लोगों पर कार्यवाही होनी चाहिए, जो दोनों देशों के बीच नफरत फैलाने का प्रयास कर रहे हैं।,” वेबसाइट के नये प्रबंधक मोहम्मद शमीम ने कहा।
बेनजीर भुट्टो की जिंदगी से जुडी तमाम जानकारियों, उनकी जीवनी एवं सिद्धांतों के अलावा इस वेबसाइट पर उनकी वसीयत की एक प्रति भी है। अगले कुछ दिनों में यहाँ एक मंच (फोरम) शुरु किया जायेगा, जिस पर लोग भारत व पाकिस्तान से संबंधित तमाम मुद्दों पर खुली बहस कर सकेंगे।
बेनजीर भुट्टो के हत्या के कारणॉं की खोज करने के सवाल पर इस वेबसाइट की नई टीम ने कहा – “यह पाकिस्तान का अंदरुनी मामला है, इसलिए हम उस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दे सकते। लेकिन, अगर किसी भी व्यक्ति के पास इससे जुडा कोई भी दस्तावेज हैं, तो उसका सत्यापन करने के बाद, हम उसे अपनी वेबसाइट पर जगह दे सकते हैं।“
“गरीबों व पिछडों की भाषा कही जानेवाली भोजपुरी से लेकर, मोहतरमा बेनजीर भुट्टो की इस अंतर्राष्ट्रीय वेबसाइट तक, हमारा मकसद बिल्कुल साफ रहा है – अमन व शांति। हम इस दिशा में आगे भी काम करते रहेंगे,” सुधीर ने बताया।
ज्ञात हो कि भोजपुरिया डॉट कॉम दुनिया भर में फैले भोजपुरी भाषियों का सबसे बडा पोर्टल है, जो 2006 में मिले प्रतिष्ठित मंथन अवार्ड के अलावा देश-विदेश में कई पुरस्कार जीत चुका है। राज ठाकरे के उत्तर भारतीय विरोधी रवैये के खिलाफ जबर्दस्त अभियान चलाने के अलावा इस वेबसाइट ने पिछ्ले महीने ही मराठी कविताओं की प्रमुख वेबसाइट ऑनलाइन कविता डॉट कॉम का भी अधिग्रहण किया था।


