नोएडा। अभी 2 -3 दिन पहिले जब भोजपुरिया डॉट कॉम पर भोजपुरी गायक पंकज प्रवीण से भइल धोखा के खबर छपल, त पूरा भोजपुरिया समाज में हँगामा मच गइल। शिक्षक, भाषाविद आ फिल्मी दुनिया के लोगन से लेके आम आदमी तक, जे केहू भी एह घटना के बारे में सुनल, प्रवीण के हौसला बढवलस, आ गुनाहगार लोग के सजा दियावे के बात होखे लागल।एह मुहिम में भोजपुरिया डॉट कॉम के आज देश के सबसे बडहन म्यूजिक कंपनी टी-सीरिज के साथ भी मिल गइल। टी-सीरिज के वरिष्ठ अधिकारी आ प्रसिद्ध गीतकार अशोक शिवपुरी जी से जब हमनी का एह बारे में बात कइनी जा, त ऊ एह मामला के हर पहलू से हमनी के अवगत करवले आ एह मामला में हर संभव सहायता करे के वादा कइले। हमनी का ओह बातचीत के मुख्य अंश एहिजा दे रहल बानी जा:
पंकज प्रवीण का संगे जवन घटना भइल, ओकरा बारे में राउर का विचार बा?
देखीं, ई बहुत दुर्भाग्यपुर्ण घटना हवे, आ एह तरह के लोगन के रोके के पडी, जेकि लोगन के भावना से खेल रहल बाटे।
अइसन फर्जी कंपनियन के काम करे के तरीका के बारे में कुछ बताईं?
एह कंपनियन के काम करे के तरीका बहुत सीधा बाटे। अगर रउरा गीतकार हईं, चाहे गायक बनल चाहत हईं, त रउरा के मिसगाइड क के, प्रलोभन देके रउरे पइसा से राउर एलबम बनवइहें सन। कलाकार के 60-70 हजार ले लीहल जाला, ओहमें 30-40 हजार खर्चा होला, आ बाकी ओह सब के फायदा हवे. अब राउर कैसेट बिकल त बिकल, ना त कई बेर त कलाकार के ही बेचे के जिम्मा भी दे दिहल जाला।
त एह में कलाकार के का नुकसान बा?
सबसे बड नुकसान त ई बा कि ओकर एलबम ठीक से रिलीज ना हो पावेला। एतना पइसा लगवला के बादो ऊ मार्केट में ना पहुँच पावेला, काहें कि अइसन कंपनियन के कवनो नेटवर्क त बाटे ना, बस खाली एगो लोगो बना के कैसेट में लगा दिहल जाला। ओकनी का त इहो ना सोचेली सन कि गरीब आदमी केतना मुश्किल से पइसा ले आ रहल बा।
त एकरा मतलब, ओह कलाकारन के भावना से खिलवाड हो रहल बा?
जी बिलकुल... कलाकार के गाये के शौक होला, त ऊ अपना बाबुजी से इ कह के पइसा माँगेला कि खाली एगो एलबम निकल जाई त हम स्टार बन जायेब। हमनी का एहिजा बइठ के देख रहल बानी जा कि केतना लोग खेत बेच के, बैल बेच के, भैंस बेच के पइसा ला के अइसन कंपनियन के दे रहल बा, जेकर कवनो अस्तित्व ही नइखे।
लेकिन, आखिर ओह कलाकार का लगे आउर रास्ता भी का बा?
देखीं, अगर रउरा में टैलेंट बा त दुनिया के कवनो ताकत रउरा के आगे बढे से ना रोक सकेले। शायद कुछ इंतजार भले ही करे के पडे, लेकिन एक बात रउरा जान जाईं, अइसन शिकारी लोग का चक्कर में पडला से कुछ ना हासिल होई।
अशोक जी, एह तरह के शिकारी लोग से कलाकारन के बचाये के का उपाय बा?
बहुत सारा लोग बा एह इंडस्ट्री में, जेकि जाल आ दाना डाल के बइठल बा, कि कवनो कलाकार आवो त ओकरा के फंसावल जाव। ओकरा से ओह लोगन के बचाये खातिर हमनी के पहल करे के पडी, जगह- जगह एह बारे में सेमिनार कराये के पडी, ताकि लोग एह मामला के सच्चाई जान सको। हमनी के कंपनी एह बारे में सब केहू के समझावे खातिर, आ सच्चाई बतावे खातिर तैयार बाटे।
नया कलाकारन के प्रोत्साहित करे खातिर टी-सीरिज का सोच रहल बिया?
हमनी के सोच बहुत साफ बा, अगर कवनो कलाकार में टैलेंट बा, त हमनी की बिना पइसा लिहले ओकर एलबम बनावे खातिर तैयार बानी जा। एह तरह के घटना के रोके खातिर हमनी का सोच तानी जा कि 12-13 गो नया कलाकरन के लेके एगो mp3 एलबम बनावल जाव, जवना में सबके 2-3 गो गाना रहे। ओह में जेकर गाना बढिया चल जाई, ऊ अपने आप आगे बढ जाई।
एगो आखिरी सवाल, कुछ वेबसाइटन पर गाना डालल जा रहल बा, का इ उचित बाटे?
ना, बिना लिखित इजाजत के कवनो वेबसाइट पर गाना अपलोड कइल साइबर-क्राइम हवे, आ बहुत लोग जान-बुझकर ई अपराध क रहल बाटे। हमनी के कंपनी अइसन लोगन के खिलाफ लगातार कानुनी कार्यवाही क रहल बाटे।




i pura industries ego daku se kam naikhe manoj matlabi,ashok shiv puri,akhilesh pandey chahe gobind vidyarthi eha sabhan dalali ke kam karatani